हालांकि, सीए की सूझबूझ और साहस के चलते दिल्ली रोड पर पीली की तलाई के पास चलती कार असंतुलित होकर नाले में पलट गई, जिसके बाद बदमाश मौके से फरार हो गए और सीए गुप्ता की जान बच सकी। मामले में अशोक नगर थाने में किडनैपिंग की गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है।
मोती डूंगरी क्षेत्र के रहने वाले पीड़ित सीए राजीव गुप्ता ने पुलिस को आपबीती सुनाते हुए वारदात की पूरी क्रोनोलॉजी बताई:
वॉक के बाद वारदात: राजीव गुप्ता रोज की तरह सुबह करीब 6:30 बजे सेंट्रल पार्क में टहलने आए थे। सुबह लगभग 7:30 बजे जब वे वॉक खत्म कर पार्किंग में खड़ी अपनी मर्सिडीज कार में बैठने लगे, तभी दो बदमाश अचानक आ धमके।
पिस्टल और चाकू से हमला: कार का गेट खोलते ही एक आरोपी हाथ में पिस्टल लेकर सीधे गाड़ी की बैकसीट पर बैठ गया। इससे पहले कि राजीव गुप्ता कुछ समझ पाते, दूसरे बदमाश ने चाकू दिखाकर उन्हें ड्राइविंग सीट से पीछे धकेला और खुद गाड़ी चलाने लगा।
अपहरणकर्ताओं ने शहर की पुलिस व्यवस्था को चुनौती देते हुए व्यस्त सड़कों से कार निकाली:
गनपॉइंट पर धमकी: सीए के अनुसार, दोनों बदमाशों की उम्र करीब 25 से 30 साल के बीच थी। रास्ते भर पीछे बैठे बदमाश ने उनकी कनपटी पर पिस्टल ताने रखी और थोड़ा भी शोर मचाने पर जान से मारने की धमकी देता रहा।
दिल्ली रोड की ओर भागे: आरोपी शहर के मुख्य रास्तों से होते हुए मर्सिडीज को तेज रफ्तार में आमेर और दिल्ली हाईवे की तरफ ले गए।
सेंट्रल पार्क से करीब 15 किलोमीटर दूर आमेर थाना क्षेत्र के 'पीली की तलाई' के पास सीए राजीव गुप्ता ने जान पर खेलकर हिम्मत दिखाई:
चलती कार का खोला गेट: पीली की तलाई एरिया के पास मौका देखते ही सीए गुप्ता ने चलती मर्सिडीज का गेट खोल दिया और अपने पैर बाहर लटकाकर राहगीरों से मदद के लिए जोर-जोर से चिल्लाने लगे।
बाइक से टकराकर नाले में पलटी कार: सीए के अचानक गेट खोलने और चिल्लाने से स्टेयरिंग संभाल रहे बदमाश का ध्यान भटक गया। तेज रफ्तार मर्सिडीज आगे चल रही एक बाइक से टकराई और अनियंत्रित होकर सड़क किनारे नाले में जाकर पलट गई।
विंडो से निकलकर भागे बदमाश: कार पलटते ही दोनों बदमाश खिड़की का कांच तोड़कर बाहर निकले और मौके से फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही अशोक नगर और आमेर थाना पुलिस मौके पर पहुंची:
एसीपी का बयान: एसीपी पूनम ने बताया कि पीड़ित राजीव गुप्ता की रिपोर्ट पर अशोक नगर थाने में अपहरण और हथियार दिखाकर डराने की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है।
नाकाबंदी और जांच: सेंट्रल पार्क की पार्किंग, राजमंदिर के पास और दिल्ली हाईवे के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। प्रारंभिक तौर पर रंजिश या फिर लूट/फिरौती की नीयत से किडनैपिंग की आशंका जताई जा रही है।