मोती डूंगरी गणेश मंदिर में सुबह 5 बजे मंगला आरती के साथ दर्शन शुरू हुए। श्रद्धालु रात 11:40 बजे होने वाली शयन आरती तक गणेशजी के दर्शन कर सकेंगे। यानी भक्तों को आज 19 घंटे से अधिक समय तक दर्शन का अवसर मिलेगा।
गणेशजी का विशेष श्रृंगार किया गया है। भगवान को राजशाही पोशाक, स्वर्ण मंडित मुकुट और आकर्षक आभूषण पहनाए गए हैं।
गणेश चतुर्थी पर मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। मंदिर परिसर में 6 DFMD और 6 HSMD लगाए गए हैं। इसके अलावा निगरानी के लिए 72 नए CCTV कैमरे लगाए गए हैं। CCTV की रिकॉर्डिंग 30 दिनों तक सुरक्षित रखी जाएगी।
श्रद्धालुओं के आवागमन के लिए मंदिर में 6 प्रवेश लाइन और 8 निकासी लाइन बनाई गई हैं। एक लाइन एंट्री पास वाले श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित की गई है। मंदिर में प्रवेश एमडी रोड, जेएलएन मार्ग और तख्तेशाही रोड की ओर से किया जा रहा है।
मंदिर पहुंचने वाले बुजुर्ग और दिव्यांग श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 100 ई-रिक्शा चलाए जा रहे हैं। इसके अलावा इलेक्ट्रिक लो-फ्लोर बसों की भी व्यवस्था की गई है। पूरे आयोजन की व्यवस्थाएं संभालने के लिए करीब 500 स्वयंसेवक तैनात किए गए हैं।
ब्रह्मपुरी पावर हाउस के पीछे माउंट रोड स्थित दाहिनी सूंड वाले नहर के गणेशजी मंदिर में 13 से 15 सितंबर तक तीन दिवसीय गणेश जन्मोत्सव मनाया जा रहा है।
मंदिर के युवाचार्य पं. मानव शर्मा के अनुसार गणेशजी को विशेष पोशाक पहनाई गई है। इस पोशाक को तैयार करने में करीब डेढ़ महीने का समय लगा है। गणेश चतुर्थी पर मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
जयपुर के प्रमुख गणेश मंदिरों में गणेश चतुर्थी को लेकर भक्तों में खास उत्साह देखने को मिल रहा है। सुबह से ही मंदिरों में जयकारों और भक्ति के माहौल के बीच श्रद्धालु भगवान गणेश के दर्शन कर रहे हैं।