व्यापारियों का यह विरोध प्रदर्शन पूरी तरह एकजुटता के साथ आयोजित किया गया:
नेतृत्व: शनिवार सुबह सुभाष चौक व्यापार मंडल के अध्यक्ष मुकेश अग्रवाल और महामंत्री महावीर शर्मा के नेतृत्व में सैकड़ों की संख्या में व्यापारी सड़कों पर एकत्र हुए।
बाजार बंद: विरोधस्वरूप सुभाष चौक से बड़ी चौपड़ तक की तमाम दुकानें शनिवार सुबह से ही बंद रखी गईं। दुकानदारों ने हवा महल के सामने खड़े होकर नारेबाजी की।
यातायात प्रभावित: इस विरोध प्रदर्शन के चलते हवा महल के पास एक तरफ का ट्रैफिक पूरी तरह बाधित हो गया, जबकि दूसरी तरफ वाहन रेंग-रेंगकर निकलते नजर आए।
त्योहारी सीजन के मद्देनजर शनिवार से सुभाष चौक सर्किल की ट्रैफिक व्यवस्था में निम्नलिखित बदलाव किए गए हैं, जिसके कारण यह विवाद उत्पन्न हुआ है:
नया रूट: आमेर रोड से आने वाले वाहन अब टकसाल के रास्ते सीधे बड़ी चौपड़ नहीं जा सकेंगे। उन्हें चार दरवाजा की तरफ डायवर्ट किया गया है।
बैरिकेडिंग और परेशानी: इस व्यवस्था को लागू करने के लिए सुभाष चौक सर्किल पर तीन तरफ बैरिकेडिंग कर दी गई है। व्यापारियों का कहना है कि इस रूट डायवर्जन के कारण उनके बाजारों में ग्राहकों की आवाजाही 70-80% तक कम हो गई है, जिससे उनका कारोबार चौपट हो रहा है।
प्रदर्शन के दौरान व्यापारिक संगठनों ने प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं:
एमआई रोड व्यापार मंडल का तीखा हमला: एमआई रोड व्यापार मंडल के महामंत्री सुरेश सैनी ने कहा कि हवा महल वह प्रमुख धरोहर है जहाँ देश और दुनिया भर से विदेशी पर्यटक बड़ी संख्या में आते हैं। लेकिन ट्रैफिक पुलिस की मनमानी व्यवस्था ने यहाँ परेशानी खड़ी कर दी है।
मास्टर प्लान की मांग: उन्होंने कहा कि हम बार-बार मांग कर रहे हैं कि जयपुर के यातायात को सुचारू और वैज्ञानिक तरीके से चलाने के लिए एक मुकम्मल 'मास्टर प्लान' बनाया जाए, लेकिन प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। जहां मर्जी होती है, वहां डिवाइडर बंद कर दिए जाते हैं और वन-वे थोप दिया जाता है।
त्योहारी सीजन में नुकसान: व्यापारियों ने चिंता जताई कि दिवाली जैसे महत्वपूर्ण त्योहारी सीजन में जब बाजार गुलजार रहने चाहिए, तब इस तरह की व्यवस्थाओं के कारण मुख्य बाजार सूने पड़े हैं और व्यापारियों को भारी आर्थिक क्षति उठानी पड़ रही है।