नई दिल्ली। विराट कोहली ने पुष्टि की है कि 2027 का वनडे वर्ल्ड कप भारत के लिए उनका आखिरी विश्व कप होगा। वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज से पहले जियोस्टार से बातचीत में कोहली ने कहा कि इस टूर्नामेंट में भारत को चैंपियन बनाने के लिए वह अपना सब कुछ झोंकने को तैयार हैं।
37 वर्षीय कोहली अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सिर्फ वनडे क्रिकेट खेल रहे हैं। उन्होंने 2024 में टी-20 इंटरनेशनल और 2025 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लिया था। 2027 का वर्ल्ड कप दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की मेजबानी में खेला जाएगा। कोहली इससे पहले 2011, 2015, 2019 और 2023 के चार वनडे वर्ल्ड कप खेल चुके हैं। 2011 में भारतीय टीम चैंपियन बनी थी, जबकि 2023 में टीम को फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था।
कोहली ने 50 ओवर के वर्ल्ड कप की चुनौती को भी विस्तार से बताया। उनके मुताबिक एक वनडे मैच में खिलाड़ी को करीब ढाई टी-20 मैच जितनी क्रिकेट खेलनी पड़ती है। पूरे टूर्नामेंट में लगातार इस स्तर की तीव्रता बनाए रखना शारीरिक और मानसिक रूप से बड़ी चुनौती होती है। उन्होंने यह भी कहा कि 2027 वर्ल्ड कप विदेशी परिस्थितियों में होगा, जहां अलग-अलग मैदानों और टीमों के खिलाफ लगातार मुकाबले खेलने होंगे।
वर्ल्ड कप में कोहली का रिकॉर्ड शानदार रहा है। उन्होंने 37 मैचों में 1,795 रन बनाए हैं और उनका औसत 59.83 रहा है। उनके नाम पांच शतक और 12 अर्धशतक हैं। वहीं, वनडे क्रिकेट में वह 54 शतक लगा चुके हैं, जो इस प्रारूप में सबसे ज्यादा हैं।
कोहली के साथ रोहित शर्मा भी अब सिर्फ वनडे क्रिकेट खेल रहे हैं। रोहित टेस्ट और टी-20 इंटरनेशनल से संन्यास ले चुके हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ आगामी सीरीज से पहले दोनों खिलाड़ियों ने तिरुवनंतपुरम के ग्रीनफील्ड स्टेडियम में अभ्यास किया। कोहली ने कुलदीप यादव, रवींद्र जडेजा और नमन धीर की स्पिन गेंदबाजी का सामना किया और बाद में तेज गेंदबाजों के खिलाफ भी बल्लेबाजी की। रोहित ने करीब 30 मिनट बल्लेबाजी की।
भारत और वेस्टइंडीज के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज 27 सितंबर से शुरू हो रही है। पहला मुकाबला तिरुवनंतपुरम, दूसरा 30 सितंबर को गुवाहाटी और तीसरा 3 अक्टूबर को न्यू चंडीगढ़ में खेला जाएगा। यह सीरीज 2027 वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिहाज से भारत के वनडे अभियान का हिस्सा है।
कोहली के लिए 2027 वर्ल्ड कप एक आखिरी वैश्विक वनडे अभियान होगा। उन्होंने साफ कहा है कि इस टूर्नामेंट में उनका लक्ष्य भारत को खिताब दिलाना है और इसके लिए वह पूरी तरह तैयार हैं।