कोटा की एसपी तेजस्वनी गौतम ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि मुंबई पुलिस से मिले पुख्ता इनपुट के आधार पर सोमवार सुबह करीब 10:18 बजे कोटा रेलवे स्टेशन पर यह कार्रवाई की गई:
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान: पकड़े गए आरोपियों की पहचान रेहान उर्फ सुक्का (निवासी सोनीपत, हरियाणा), ऋतिक कुर्मी उर्फ रोशन (निवासी बेगूसराय, बिहार) और एक नाबालिग (सोनीपत, हरियाणा) के रूप में हुई है।
लॉरेंस गैंग से कनेक्शन: शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि ये सभी आरोपी कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े हैं। मुख्य आरोपी रेहान, गैंग के गुर्ग अनिल पंडित के संपर्क में था और उसी ने सोनीपत के एक नाबालिग को इस साजिश में शामिल किया था।
भागने का प्लान: आरोपी मुंबई में वारदात को अंजाम देने के बाद सूरत की तरफ भागे थे और वहां से ट्रेन पकड़ी थी। वे ट्रेन से जयपुर पहुँचने वाले थे, जहाँ से बस के जरिए दिल्ली और फिर वहां से नेपाल सीमा पार कर फरार होने की फिराक में थे।
घटना को लेकर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी:
मुंबई पुलिस का एक्शन: सीएम ने बताया कि अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग के बाद हमलावर तुरंत सूरत की तरफ भागे और वहां से ट्रेन पकड़ी थी। मुंबई पुलिस लगातार उन्हें ट्रैक कर रही थी और समय रहते राजस्थान की कोटा पुलिस से संपर्क किया गया, जिसके बाद संयुक्त मुस्तैदी से आरोपियों को दबोच लिया गया।
मास्टरमाइंड की तलाश: मुख्यमंत्री ने कहा कि इस साजिश के पीछे असल में कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसकी गहराई से जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस की शुरुआती जांच में आरोपियों की जो पृष्ठभूमि सामने आई है, उसके अनुसार:
बिहार का रहने वाला ऋतिक मुंबई के अंधेरी वेस्ट इलाके में रहता था और रैपिडो (Rapido) चलाता था।
वहीं, हरियाणा का रहने वाला रेहान और नाबालिग आरोपी मजदूरी का काम करते थे, जो बाद में गैंग के संपर्क में आकर इस तरह की वारदातों में शामिल हो गए। पुलिस अब इनसे आगे की पूछताछ कर रही है ताकि अन्य सहयोगियों और हथियारों के ठिकानों का पता लगाया जा सके।