जानकारी के अनुसार, मतदान के दौरान सांसद मुरारी लाल मीणा एक युवती के साथ मतदान केंद्र पहुंचे थे। युवती के बूथ के अंदर जाने के बाद भाजपा प्रत्याशी योगेश कुमार शर्मा और एक एजेंट ने उसके वहां पहुंचने पर सवाल उठाए। आरोप लगाया गया कि युवती मतदान करने आई है और मामले में फर्जी वोटिंग की आशंका जताई गई।
इसी बात को लेकर भाजपा प्रत्याशी, एजेंट और अन्य लोगों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते मतदान केंद्र पर माहौल तनावपूर्ण हो गया। स्थिति को देखते हुए मतदान केंद्र पर मौजूद कर्मचारियों ने दोनों पक्षों को बाहर जाने के लिए कहा।
इसके बाद भाजपा प्रत्याशी और युवती को मतदान केंद्र से बाहर कर दिया गया। कुछ देर तक बूथ के बाहर भी विवाद की स्थिति बनी रही।
विवाद बढ़ने के बाद सांसद मुरारी लाल मीणा ने मामले पर सफाई दी। सांसद के अनुसार, युवती उनके साथ मतदान करने के लिए नहीं आई थी। वह केवल उनके साथ फोटो खिंचवाने के लिए मतदान केंद्र तक आई थी।
मुरारी लाल मीणा ने स्पष्ट किया कि युवती ने मतदान नहीं किया। उनका कहना था कि युवती का वोट डालने का कोई इरादा नहीं था और उसे केवल फोटो खिंचवाने के लिए उनके साथ आने की अनुमति दी गई थी।
वहीं, मतदान दल की ओर से भी बताया गया कि युवती ने मतदान नहीं किया। हालांकि, उसके मतदान केंद्र के अंदर पहुंचने को लेकर भाजपा प्रत्याशी और उनके एजेंट ने आपत्ति जताई, जिसके बाद विवाद खड़ा हुआ।
घटना के दौरान भाजपा प्रत्याशी और उनके समर्थकों की सांसद मुरारी लाल मीणा के साथ भी बहस होती दिखाई दी। दोनों पक्षों की ओर से मामले को लेकर अलग-अलग दावे किए गए। भाजपा पक्ष की ओर से मतदान केंद्र की व्यवस्था और युवती के बूथ के अंदर पहुंचने पर सवाल उठाए गए, जबकि सांसद की ओर से युवती के वोट नहीं डालने की बात कही गई।
मामले को लेकर कुछ देर के लिए मतदान केंद्र पर राजनीतिक माहौल भी गरमा गया। हालांकि, मतदान प्रक्रिया को ज्यादा देर तक प्रभावित नहीं होने दिया गया।
विवाद की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल मीणा भी मतदान केंद्र पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। तनाव को देखते हुए मतदान केंद्र पर अतिरिक्त पुलिस बल