जयपुर: राजस्थान में भीषण गर्मी और लू (Heatwave) का सितम चरम पर है। मौसम केंद्र जयपुर ने पश्चिमी राजस्थान के जिलों के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है। दूसरी ओर, अचानक बदले मौसम के मिजाज ने बीकानेर और जयपुर संभाग के कई हिस्सों में आंधी-बारिश और ओलावृष्टि की स्थिति पैदा कर दी।
पिछले तीन दिनों से बाड़मेर देश का सबसे गर्म शहर बना हुआ था, लेकिन बुधवार को जैसलमेर ने उसे पीछे छोड़ दिया।
रिकॉर्ड तापमान: जैसलमेर में अधिकतम तापमान 46.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
रेड अलर्ट: आज बीकानेर, जोधपुर, जैसलमेर और बाड़मेर में भीषण गर्मी को लेकर मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है। कल भी तीन जिलों में इसका असर रहने की आशंका है।
तपती गर्मी के बीच बुधवार को पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश के कई जिलों में मौसम अचानक बदल गया।
रेत का तूफान: श्रीगंगानगर में दोपहर बाद भीषण 'रेत का तूफान' आया, जिससे दृश्यता (Visibility) काफी कम हो गई।
ओलावृष्टि: बीकानेर, चूरू और श्रीगंगानगर के कुछ इलाकों में तेज आंधी के साथ हल्की बारिश हुई और कई जगह ओले भी गिरे। इससे शाम के समय तापमान में मामूली गिरावट दर्ज की गई।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, राजस्थान के लोगों को फिलहाल इस भीषण तपिश से स्थाई राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
लू का दौर: आने वाले 4-5 दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में लू (Loo) का दौर जारी रहेगा।
दोपहर बाद बदलाव: हालांकि, स्थानीय स्तर पर बन रहे सिस्टम के कारण कुछ इलाकों में दोपहर बाद धूल भरी आंधी और छिटपुट बारिश की संभावना बनी रहेगी।
लगातार बढ़ते तापमान और रेड अलर्ट को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने एडवाइजरी जारी की है:
सावधानी: दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक बाहर न निकलें।
हाइड्रेशन: पर्याप्त मात्रा में पानी, ओआरएस या तरल पदार्थों का सेवन करते रहें।
सुरक्षा: लू के लक्षणों (सिरदर्द, चक्कर आना) को नजरअंदाज न करें और तुरंत नजदीकी अस्पताल से संपर्क करें।
राजस्थान के बड़े शहरों में गर्मी का असर इतना गहरा है कि सड़कों पर दोपहर के समय कर्फ्यू जैसा सन्नाटा पसरा नजर आ रहा है। जोधपुर में सड़कों को ठंडा रखने के लिए पानी का छिड़काव किया जा रहा है, तो जयपुर में ट्रैफिक सिग्नल्स पर ग्रीन शेड लगाए गए हैं।