बाड़मेर: बाड़मेर शहर के मुख्य बाजार में नगर परिषद के एक कर्मचारी के साथ सरेआम और बेरहमी से मारपीट करने के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। कोतवाली थाना पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए वारदात में शामिल चारों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
रविवार शाम को पुलिस ने कड़ा रुख अपनाते हुए चारों आरोपियों को कोतवाली थाने से मुख्य बाजार में घटनास्थल तक पैदल ले जाकर मौका तस्दीक (क्राइम सीन का मुआयना) कराई। वारदात के बाद इलाके में दहशत फैलाने की कोशिश करने वाले इन बदमाशों को जब पुलिस पैदल बाजार से ले गई, तो देखने वालों की भारी भीड़ जुट गई।
कोतवाली थाना प्रभारी (सीआई) मनोज कुमार ने बताया कि यह पूरी वारदात 8 जुलाई को शहर के व्यस्ततम इलाके अहिंसा सर्किल के पास घटित हुई थी। यहां बदमाशों ने नगर परिषद के कर्मचारी कमल घारू को घेरकर उस पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर दिया था।
इस बेरहमी से की गई मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हुआ था, जिसके बाद पुलिस पर आरोपियों को पकड़ने का भारी दबाव था। पुलिस के अनुसार, बदमाशों का मकसद इस सरेआम वारदात से इलाके में अपनी दहशत फैलाना था। पुलिस की शुरुआती तफ्तीश में सामने आया है कि पीड़ित कर्मचारी और आरोपियों के बीच लंबे समय से कोई पुराना आपसी विवाद चल रहा था, जिसके प्रतिशोध में इस वारदात को अंजाम दिया गया।
सीआई मनोज कुमार के मुताबिक, 8 जुलाई को कर्मचारी पर हमला करने के तुरंत बाद ही सभी आरोपी शहर से फरार हो गए थे। पुलिस की टीमें लगातार उनकी तलाश में दबिश दे रही थीं।
तकनीकी साक्ष्य आए काम: पुलिस ने मोबाइल लोकेशन, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों से मिली सटीक सूचना के आधार पर जाल बिछाया।
लौटते ही धरे गए: पूछताछ में सामने आया कि आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए करीब 10 दिनों तक जोधपुर सहित राज्य के अन्य अलग-अलग स्थानों पर छिपकर फरारी काट रहे थे। करीब 10 दिन बाद जब वे यह सोचकर वापस बाड़मेर लौटे कि मामला शांत हो गया है, तो वे ग्रामीण थाना क्षेत्र में छिप गए। लेकिन पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए उनके बाड़मेर लौटते ही चारों को चारों तरफ से घेरकर दबोच लिया।
पुलिस ने गिरफ्तार किए गए चारों बदमाशों की पहचान उजागर करते हुए बताया कि पकड़े गए आरोपी आदतन किस्म के हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम इस प्रकार हैं:
आयुष पुत्र रोशन (निवासी: बापू कॉलोनी, बाड़मेर)
हेमंत उर्फ टकिया पुत्र हरिकिशन (निवासी: बापू कॉलोनी, बाड़मेर)
हेमंत उर्फ टनिया पुत्र धर्मेंद्र (निवासी: बापू कॉलोनी, बाड़मेर)
विकास पुत्र तुलसीदास (निवासी: रेलवे कुआं नंबर-3, बाड़मेर)
कोतवाली थाना पुलिस अब इन चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेगी, ताकि वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियारों की बरामदगी और इनके किसी अन्य आपराधिक रिकॉर्ड या गैंग से जुड़े होने की गहनता से जांच की जा सके।