जयपुर: राजस्थान एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने राजधानी जयपुर में एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद की एक महिला स्लीपर सेल को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार महिला की पहचान 37 वर्षीय बबीता के रूप में हुई है, जिसे रविवार को जयपुर के वाटिका क्षेत्र से हिरासत में लिया गया। यह पूरी कार्रवाई मिलिट्री इंटेलिजेंस (सैन्य खुफिया एजेंसी) से मिले बेहद खुफिया और पुख्ता इनपुट्स के आधार पर की गई है।
सुरक्षा एजेंसियों की शुरुआती पड़ताल में महिला को लेकर कई चौंकाने वाले और गंभीर खुलासे हुए हैं:
ब्रेनवॉश की शिकार: प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी बबीता का कथित तौर पर कट्टरपंथी विचारधारा के जरिए पूरी तरह से ब्रेनवॉश (मानसिक रूप से प्रभावित) किया गया था।
आतंकी संगठन से जुड़ाव: बबीता को जैश-ए-मोहम्मद जैसे खतरनाक आतंकी संगठन के लिए सक्रिय रूप से तैयार किया जा रहा था। जांच में यह भी स्थापित हो चुका है कि वह वॉट्सएप (WhatsApp) सहित विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए आतंकी संगठनों से जुड़ी हुई थी और उनके साथ उसका संपर्क पूरी तरह से 'स्टेबिलिस' (स्थापित) हो चुका था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एटीएस के आला अधिकारी लगातार पूछताछ कर रहे हैं। एटीएस के एसपी मनीष त्रिपाठी ने बताया:
सरहद पार जाने की तैयारी: जांच एजेंसियों को पूछताछ और तकनीकी विश्लेषण के दौरान यह अहम जानकारी मिली है कि बबीता की पाकिस्तान जाने की तीव्र इच्छा थी।
धर्म परिवर्तन का एंगल: इसके साथ ही जांच में यह बात भी प्रकाश में आई है कि बबीता का धर्म परिवर्तन कराने के प्रयास किए जा रहे थे, ताकि उसे पूरी तरह अपने नियंत्रण में लिया जा सके।
यह गिरफ्तारी अचानक नहीं हुई, बल्कि सुरक्षा एजेंसियां लंबे समय से इस महिला की हर हरकत पर पैनी नजर रखे हुए थीं:
सोशल मीडिया पर नजर: एसपी मनीष त्रिपाठी ने बताया कि एटीएस सोशल मीडिया और अन्य डिजिटल माध्यमों पर लगातार सर्विलांस (निगरानी) बनाए रखती है। इसी कड़ी में पिछले 3-4 महीनों से संदिग्ध गतिविधियों के चलते इस महिला को लगातार ट्रैक किया जा रहा था।
सवाई माधोपुर की है रहने वाली: आरोपी महिला बबीता मूल रूप से राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले की रहने वाली है, लेकिन वर्तमान में वह जयपुर के वाटिका क्षेत्र में रहकर अपनी संदिग्ध गतिविधियों को अंजाम दे रही थी।
गिरफ्तारी के बाद अब कानूनी प्रक्रिया और आगे के नेटवर्क को तोड़ने की कार्रवाई तेज कर दी गई है:
कोर्ट से मिली रिमांड: एटीएस के एसपी ने बताया कि महिला बबीता को कोर्ट में पेश कर आगामी 27 जून तक रिमांड पर लिया गया है।
हैंडलर्स की तलाश जारी: फिलहाल एटीएस और अन्य केंद्रीय जांच एजेंसियां संयुक्त रूप से पूछताछ कर रही हैं। एजेंसियां मुख्य रूप से यह पता लगाने में जुटी हैं कि बबीता का संपर्क किन-किन लोगों से था, उसे इस दलदल में धकेलने और प्रभावित करने के पीछे किसका हाथ था और क्या वह भारत में सक्रिय किसी बड़े आतंकी नेटवर्क या मॉड्यूल का हिस्सा थी। मामले में कई महत्वपूर्ण और संवेदनशील पहलुओं पर गोपनीय तरीके से जानकारी जुटाई जा रही है।