जयपुर: राजधानी के मानसरोवर थाना पुलिस ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अपनी पत्नी अनु मीणा को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले आरोपी पति गौतम मीणा को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) में एक्सईएन (XEN) के पद पर तैनात है। पुलिस ने आरोपी को पहले हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की, जिसके बाद उसकी गिरफ्तारी सुनिश्चित की गई।
इस पूरे मामले में पुलिस को आरोपी के खिलाफ सबसे बड़ा और पुख्ता सबूत घर में लगे कैमरों से मिला:
कैमरे में कैद हुई मारपीट: घर के अंदर लगे सीसीटीवी (CCTV) फुटेज में आरोपी एक्सईएन गौतम मीणा अपनी पत्नी अनु मीणा के साथ बेरहमी से मारपीट करता हुआ साफ दिखाई दिया था।
अमानवीय व्यवहार: फुटेज में न सिर्फ मारपीट बल्कि आरोपी अपनी पत्नी के ऊपर थूकते हुए भी नजर आया था, जो उसके मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना (टॉर्चर) की पराकाष्ठा को बयां कर रहा था।
एसीपी (मानसरोवर) आदित्य काकड़े ने बताया कि अनु मीणा सुसाइड केस की गहराई से जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आए हैं वे बेहद चौंकाने वाले हैं:
अफेयर के बाद बढ़ा टॉर्चर: मृतका अनु मीणा के परिजनों का आरोप है कि आरोपी गौतम मीणा का उनके घर काम करने वाली नौकरानी के साथ अवैध संबंध (अफेयर) था। जब पत्नी अनु ने पति को नौकरानी के साथ रंगे हाथों पकड़ लिया, तो उसके बाद से अनु पर मेंटली और फिजिकल टॉर्चर बहुत ज्यादा बढ़ गया था।
आए दिन का विवाद: आरोपी अक्सर शराब के नशे में धुत होकर घर आता था और अनु के साथ मारपीट करता था, जिससे तंग आकर आखिरकार उसने आत्मघाती कदम उठा लिया।
इस मामले में पुलिस ने निष्पक्षता से जांच करते हुए मृतका और आरोपी के पूरे परिवार और रिश्तेदारों के बयान दर्ज किए हैं:
बच्चों की गवाही: मामले में सबसे महत्वपूर्ण गवाही दोनों बच्चों की रही। दोनों बच्चों ने पुलिस के सामने अपने पिता गौतम मीणा के काले कारनामों की पोल खोल दी।
पिता पर गंभीर आरोप: बच्चों ने अपने बयानों में साफ कहा कि उनके पिता अक्सर शराब पीकर आते थे और मां (अनु मीणा) के साथ आए दिन बेरहमी से मारपीट और गाली-गलौज किया करते थे।
एसीपी आदित्य काकड़े के मुताबिक, पुख्ता सबूत मिलने और बयानों के आधार पर पुलिस ने त्वरित एक्शन लिया:
अधिकारी का बयान: "अनु मीणा सुसाइड केस में वांछित आरोपी पति गौतम मीणा को गुरुवार सुबह राउंडअप (हिरासत में) किया गया था।"
आगे की कार्रवाई: पीडब्ल्यूडी विभाग के इस जिम्मेदार पद पर बैठे अधिकारी द्वारा किए गए इस घिनौने कृत्य को लेकर पुलिस उससे गहनता से पूछताछ कर रही है, ताकि कोर्ट में उसके खिलाफ मजबूत केस डायरी पेश की जा सके।