प्रमुख शासन सचिव ने बताया कि ग्राम-2026 की पूर्व तैयारी के रूप में 10 अप्रैल को जयपुर में एक भव्य 'कर्टन रेज़र' कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
ऐतिहासिक अवसर: श्रीमती राजपाल ने कहा कि यह आयोजन प्रदेश में कृषि नवाचार और बड़े निवेश को आकर्षित करने का एक ऐतिहासिक मंच साबित होगा, जिससे अंततः किसानों की आय में वृद्धि होगी।
जनभागीदारी: उन्होंने निर्देश दिए कि अधिक से अधिक किसानों का पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए ताकि यह आयोजन केवल एक इवेंट न रहकर एक जन-आंदोलन बने।
कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल ने बैठक में आयोजन के व्यापक स्वरूप की जानकारी साझा की।
विशाल भागीदारी: 23 से 25 मई 2026 तक चलने वाले इस मेले में 75 हजार से अधिक किसान, 250 से अधिक प्रदर्शक और देश-विदेश की 100 से अधिक बड़ी कंपनियां भाग लेंगी।
ग्लोबल रीच: इसमें दक्षिण एशिया, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका जैसे महाद्वीपों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
एक मंच पर 13 विभाग: कृषि सहित संबंधित 13 विभाग एक साथ मौजूद रहेंगे, जिससे किसानों और पशुपालकों को सभी योजनाओं और तकनीकों का लाभ एक ही स्थान पर मिल सकेगा।
राजस्थान में निवेश की संभावनाओं को दुनिया के सामने रखने के लिए विभाग देश के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों पर रोड शो आयोजित करेगा:
17 अप्रैल: दिल्ली
24 अप्रैल: अहमदाबाद
06 मई: हैदराबाद
08 मई: पुणे इन रोड शो के जरिए एग्रीटेक स्टार्टअप्स, शोध संस्थानों और बड़े निवेशकों को राजस्थान की ओर आकर्षित किया जाएगा।
ग्राम-2026 केवल भाषणों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यहाँ धरातल पर तकनीक का प्रदर्शन होगा।
विशेष आकर्षण: आयोजन के दौरान स्मार्ट फार्म, अत्याधुनिक कृषि प्रदर्शनी और पशु प्रदर्शनी लगाई जाएगी।
संवाद: तकनीकी सत्रों के अलावा B2B (बिजनेस टू बिजनेस) और B2G (बिजनेस टू गवर्नमेंट) बैठकें होंगी, जिससे किसानों को सीधा कंपनियों और सरकार के साथ संवाद करने का मौका मिलेगा।
बैठक में विभाग के शीर्ष अधिकारियों ने भी अपने सुझाव दिए और तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उद्यानिकी आयुक्त श्वेता चौहान, कृषि विपणन निदेशक राजेश कुमार चौहान सहित कृषि एवं पशुपालन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।