डायबिटीज के मरीजों को अपने खान-पान पर खास ध्यान देना चाहिए ताकि उनका ब्लड शुगर लेवल नियंत्रित रहे. इसमें सिर्फ यह नहीं कि क्या खाना चाहिए, बल्कि यह भी महत्वपूर्ण है कि कितनी बार खाना चाहिए.
विशेषज्ञों की सलाह है कि डायबिटीज के मरीजों को दिन में 2 बार भारी भोजन करने के बजाय 5 से 6 छोटे-छोटे मील लेने चाहिए. लंबे समय तक भूखे रहने या एक साथ बहुत ज्यादा खाने से ब्लड शुगर का स्तर अचानक बढ़ या घट सकता है. बार-बार और संतुलित मात्रा में खाने से शरीर को लगातार ऊर्जा मिलती रहती है और शुगर का स्तर स्थिर बना रहता है.
सुबह का नाश्ता डायबिटीज मरीजों के लिए सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है. रात के लंबे उपवास के बाद नाश्ता न करने से ब्लड शुगर असंतुलित हो सकता है. नाश्ते में ओट्स, दलिया, अंडा, स्प्राउट्स या वेजिटेबल उपमा जैसे विकल्प शामिल किए जा सकते हैं.
दोपहर और रात के खाने के बीच हेल्दी स्नैक्स लेना भी फायदेमंद होता है, जैसे एक फल, मुट्ठी भर नट्स, छाछ या भुना चना. इससे अचानक भूख लगने और ज्यादा खाने से बचाव होता है. रात का खाना हल्का होना चाहिए और सोने से कम से कम 2-3 घंटे पहले लेना चाहिए, ताकि रात में शुगर लेवल न बढ़े.
इसके अलावा, मीठे पेय पदार्थ, रिफाइंड कार्ब्स और तले-भुने खाद्य पदार्थों से दूरी बनाना जरूरी है. खाने के साथ दवाओं और इंसुलिन का समय भी डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही रखना चाहिए.