कोटा: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में राजस्थान के कोटा की मुक्केबाज अरुंधति चौधरी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया है। अरुंधति ने मुक्केबाजी स्पर्धा के 70 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में अपनी जगह बना ली है। उनका मुकाबला स्वर्ण पदक (Gold Medal) के लिए इंग्लैंड की खिलाड़ी के खिलाफ खेला जाएगा।
स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित प्रतियोगिता के सेमीफाइनल मुकाबले में अरुंधति ने जबरदस्त खेल का प्रदर्शन किया:
अनुभवी बॉक्सर को हराया: अरुंधति ने वेल्स की अनुभवी मुक्केबाज और 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स की स्वर्ण पदक विजेता रोसी एकेल्स को पराजित किया।
सिल्वर पक्का, अब गोल्ड पर निशाना: इस बड़ी जीत के साथ अरुंधति ने भारत के लिए कम से कम रजत पदक (Silver Medal) पक्का कर लिया है। लगातार शानदार फॉर्म में चल रही अरुंधति की नजरें अब देश के लिए गोल्ड मेडल जीतने पर टिकी हैं।
फाइनल तक के इस ऐतिहासिक सफर में अरुंधति का प्रदर्शन बेहद दबदबे वाला रहा है:
क्वार्टर फाइनल में जीत: इससे पहले अंतिम आठ के मुकाबले में अरुंधति ने न्यूजीलैंड की बॉक्सर मॉर्गन अड्रेशन (हेंडरसन) को 3-1 से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया था।
लगातार दो जीत: क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल में लगातार दो मजबूत प्रतिद्वंदियों को हराकर उन्होंने फाइनल मुकाबला खेलने का टिकट हासिल किया।
महाबली स्पोर्ट्स एकेडमी की खिलाड़ी अरुंधति चौधरी इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व कर रही हैं। इसके साथ ही कॉमनवेल्थ गेम्स की मुक्केबाजी स्पर्धा में हिस्सा लेने वाली राजस्थान की पहली महिला बॉक्सर बनने का गौरव भी उनके नाम दर्ज है।
कोच का बयान: अरुंधति के कोच अशोक गौतम ने उनकी इस ऐतिहासिक सफलता का श्रेय उनकी कड़ी मेहनत, अनुशासित प्रशिक्षण और स्कॉटलैंड में आयोजित 14 दिवसीय प्री-कॉम्पिटिशन ट्रेनिंग कैंप को दिया।
परिवार व जिले में जश्न: अरुंधति की इस उपलब्धि पर उनके पिता एवं जिला बॉक्सिंग संघ के अध्यक्ष सुरेश चौधरी, माता सुनीता चौधरी और पूरे परिवार ने खुशी जताते हुए उन्हें खिताबी मुकाबले में जीत के लिए शुभकामनाएं दी हैं।